प्रेम विवाह

आज के युग में प्रेम विवाह युवाओं का शौक वन चुका है क्या यह सही है या गलत इस पर विचार विमर्श करना होगा क्योंकि कुछ प्रेमी जोडों का यह कदम तो सफल हो जाता है पर कुछ युवा प्रेम को लेकर काफी चिंतित हो जाते हैं और कई बार तो आत्महत्या कर लेते हैं जो कि यह कदम समाज के हर वर्ग के लिए नुकसानदेह साबित हो जाता है ।

बच्चों को सही दिशा दें ताकि वह कभी भी कोई ऐसा फैसला न करलें की पछताना पढे बच्चों को खुले बिचारों में जीना सिखाएं और उन्हें प्रेरित करें कि माता पिता व गुरूजनों से प्रेम करें । लडकियों का प्रेम तो मिल ही जाएगा । जितवा राज्यम प्राप्ति मृतवा स्वर्गं प्राप्ति।

पं पुरूषोत्तम शर्मा